वीमन पावर से लैस नई कैबिनेट, महिला मंत्रियों की तूती

निर्मला सीतारमण को देश का नया रक्षामंत्री बनाया गया है. ऐसा दूसरी बार हुआ है जब किसी महिला को रक्षा मंत्रालय दिया गया है.

नई दिल्ली: कैबिनेट का विस्तार और बदलाव परफॉर्मेंस के आधार पर कुछ मंत्रियों को प्रमोशन दिया गया जबकि कुछ अन्य को अलग जिम्मेदारी दी गई. कुछ से महत्वपूर्ण मंत्रालय ले लिए गए जबकि कुछ को एक से अधिक विभाग सौंपे गए. मोदी के मंत्रिमंडल में अब कुल 8 महिला मंत्री हैं. मोदी कैबिनेट की इन पावरफुल मंत्रियों की तूती अपने कार्यक्षेत्र से लेकर अपने विभागों में बोलती है. देश को दूसरी महिला रक्षा मंत्री मिलीं. पहली रक्षा मंत्री थीं इंदिरा गांधी. वाणिज्य मंत्रालय में स्वतंत्र प्रभार मंत्री निर्मला सीतारमण को देश का नया रक्षामंत्री बनाया गया है. ऐसा दूसरी बार हुआ है जब किसी महिला को रक्षा मंत्रालय दिया गया है. जेएनयू की छात्रा रहीं निर्मला सीतारमण के काम से पीएम मोदी खुश थे. मॉडल से लेकर टीवी एक्ट्रेस तक और मोदी कैबिनेट में अपनी मजबूत जगह बनाने वालीं स्मृति ईरानी के पास कपड़ा मंत्रालय तो है ही उन्हें सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय भी दिया गया है. ईरानी के पास बनाए रखे गए हैं और वो दोनों का कामकाज संभालती रहेंगी. फायर ब्रैंड नेता उमा भारती भले ही अब लाइमलाइट में न दिखती हों लेकिन गेरुए कपड़ों और अपनी तेज तर्रार जुबान के लिए जानी जाती रही उमा के पास नमामि गंगे जैसी अहम ज़िम्मेदारी रही है. इस फेरबदल में उन्हें पेयजल एवं स्वच्छता मंत्री बना दिया गया है. हालांकि आज वह शपथ ग्रहण समारोह में शामिल नहीं हुई थीं. विदेश मंत्रालय जैसा अहम मंत्रालय संभाल रहीं सुषमा स्वराज प्रखर वक्ता हैं और अपनी तर्कशक्ति और अपनी ऐक्शन ओरिएंटेड कार्यप्रणाली के चलते काफी तारीफ पाती हैं. उनकी शैली और उनका व्यक्तित्व उनके अपार अनुभव की ही बानगी देता है. बीजेपी की वरिष्ठ नेता और केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी गांधी परिवार की छोटी बहू भी हैं. उनके पास महिला एवं बाल विकास मंत्रालय है. मेनका पशुओं के अधिकारों और उनकी सुरक्षा के लिए तो खासी प्रतिबद्द हैं ही, वह पूर्व में पत्रकार भी रह चुकी हैं. अनुप्रिया पटेल अपना दल से हैं और देश की अच्छी खासी पढ़ी लिखी नेताओं में से आती हैं. अपना दल का बनारस और इलाहाबाद बेल्ट में अच्छा खासा प्रभाव है. वह स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय में राज्य मंत्री हैं. केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण मंत्री हरसिमरत कौर शिरोमणि अकाली दल की सदस्य और पंजाब के उप मुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल की पत्नी हैं. गरीबों और कमजोर महिलाओं के विकास के लिए इनके विजन को काफी सराहा जाता है. संसद के अपने पहले भाषण में ही जब इन्होंने 1984 के सिख दंगे जैसे गंभीर मुद्दे को उठाया था और चर्चा में आ गई थीं.

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