झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई, स्वास्थ्य विभाग के निर्देश

अपर मुख्य सचिव के निर्देश पर जिले के सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि अपने अपने क्षेत्रों में झोलाछाप डॉक्टर उनकी सूची बना कर जांच करें.

रांची: झारखंड स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव सुधीर त्रिपाठी ने प्रदेश के सभी जिलों के डीसी, एसपी और सिविल सर्जन को फर्जी डिग्रीधारी और झोला छाप डॉक्टरों पर कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं. प्रदेश में सभी जगहें झोलाछाप डॉक्टरों के क्लिनिक बेधड़क चल रहे हैं. रांची में कार्यरत सिविल सर्जन डॉ. शिवशंकर हरिजन ने बताया कि अपर मुख्य सचिव के निर्देश पर जिले के सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि अपने अपने क्षेत्रों में झोलाछाप डॉक्टर उनकी सूची बना कर हमें रिपोर्ट कर जांच करें. उन्होंने बताया कि जब भी उन्हें झोलाछाप डॉक्टरों की कोई भी शिकायत मिलती हैं तो वे तुरंत कार्रवाई करते हैं. उन्होंने बताया कि रांची में फिलहाल अभी तक जितनी भी जांच हुई है. उनमें कोई भी पकड़ में नहीं आया है
गरीब बीमार जनता के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों इन झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई करने के विरोध में की विधायक उन्हें राज्य की जरूरत बता रहे हैं. राज्य में चिकित्सा सेवा का हाल और डॉक्टरों की कमी को देखें तो कुछ हद तक ये सही भी दिखता है. धनबाद के निरसा से मासस विधायक अरूप चटर्जी कहते हैं कि उनके विधानसभा क्षेत्र की आबादी करीब पांच लाख है और विधानसभा क्षेत्र में सिर्फ तीन ही सरकारी डॉक्टर हैं. ऐसे में लोगों की जान झोलाछाप डॉक्टर ही बचाते हैं. उन्होंने कहा कि झोलाछाप डॉक्टरों पर कार्रवाई से पहले सरकार प्रदेश की चिकित्सा सेवाओं को दुरुस्त करें.

Leave a Comment